जज़्बातों के आँधियों में
उजड़ गया मेरा जीवन;
तबाहियों के महफ़िल में
हमें मिला अकेला पन...
जीवन से बहुत थी उम्मीदें
सब मैंने अब खो दिए;
दोस्तों का जो साथ था,
वह भी कही बिखर गए!
मन में लिए हज़ारों ख्वाब
हम चले थे इस राह पर,
हमसफ़र मिला भी था हमें
लेकिन बिछड़ गए भीड़ में....
तन्हाई के काँटों ने चीर दी
दिल में बसे सपनों को,
बेबस बेसहारा छोड़ दिए हमें
ज़िन्दगी के इन राहों पर!!!
एक बार मुस्कुराना चाहूँ
तो भी हम मुस्कुरा न पाए
जज्बातों के इन आँधियों ने
हमें जड़ से उखाड़ दिए!
अब जिए तो हम कैसे जिए-
बिना कभी हँसे, या कभी रोये,
जज्बातों के बिना यह जीना
मौत से भी बत्तर हो गए!!!
उजड़ गया मेरा जीवन;
तबाहियों के महफ़िल में
हमें मिला अकेला पन...
जीवन से बहुत थी उम्मीदें
सब मैंने अब खो दिए;
दोस्तों का जो साथ था,
वह भी कही बिखर गए!
मन में लिए हज़ारों ख्वाब
हम चले थे इस राह पर,
हमसफ़र मिला भी था हमें
लेकिन बिछड़ गए भीड़ में....
तन्हाई के काँटों ने चीर दी
दिल में बसे सपनों को,
बेबस बेसहारा छोड़ दिए हमें
ज़िन्दगी के इन राहों पर!!!
एक बार मुस्कुराना चाहूँ
तो भी हम मुस्कुरा न पाए
जज्बातों के इन आँधियों ने
हमें जड़ से उखाड़ दिए!
अब जिए तो हम कैसे जिए-
बिना कभी हँसे, या कभी रोये,
जज्बातों के बिना यह जीना
मौत से भी बत्तर हो गए!!!
